चीरबासा में पैदल मार्ग क्षतिग्रस्त, केदारनाथ यात्रा रोकी, मलबा और बोल्डर आने से बढ़ा खतरा

रुद्रप्रयाग। केदारनाथ धाम की यात्रा के बीच मंगलवार को चीरबासा के समीप पैदल मार्ग क्षतिग्रस्त होने और पहाड़ी से मलबा व पत्थर गिरने के कारण श्रद्धालुओं की आवाजाही रोक दी गई। गौरीकुंड से करीब ढाई किलोमीटर ऊपर चीरबासा के पास मार्ग की स्थिति खतरनाक होने के बाद प्रशासन ने एहतियातन यह कदम उठाया। मार्ग को सुरक्षित बनाने और मलबा-पत्थर हटाने का काम युद्धस्तर पर शुरू कर दिया गया है। मार्ग पर लगातार पत्थर और बोल्डर गिरने की आशंका को देखते हुए प्रशासन ने केदारनाथ की ओर जाने वाले श्रद्धालुओं को फिलहाल सोनप्रयाग में रोक दिया है। बड़ी संख्या में श्रद्धालु मार्ग खुलने का इंतजार कर रहे हैं। प्रशासन के अनुसार, मार्ग को सुरक्षित तरीके से आवागमन के लिए तैयार करने में कम से कम तीन से चार घंटे का समय लग सकता है। हालांकि, मौके की परिस्थितियों के अनुसार इसमें और अधिक समय भी लग सकता है।

पुलिस और डीडीआरएफ की निगरानी में काम

चीरबासा में मार्ग को खोलने के लिए जनपद पुलिस बल, जिला आपदा प्रतिक्रिया बल (डीडीआरएफ) और लोक निर्माण विभाग के कार्मिकों की निगरानी में श्रमिक काम कर रहे हैं। पहाड़ी क्षेत्र में पत्थर गिरने के खतरे को देखते हुए श्रमिकों को सुरक्षा के विशेष इंतजामों के साथ काम करने के निर्देश दिए गए हैं। प्रशासन का कहना है कि केवल मलबा हटाकर मार्ग को खोलना पर्याप्त नहीं होगा। क्षतिग्रस्त हिस्से की मजबूती और स्थिरता की भी जांच की जाएगी। इसके साथ ही आसपास के संवेदनशील स्थानों का निरीक्षण कर यह सुनिश्चित किया जाएगा कि श्रद्धालुओं की आवाजाही के दौरान किसी तरह का खतरा न रहे।

सुरक्षा जांच के बाद ही मिलेगी अनुमति

प्रशासन की प्राथमिकता मार्ग को जल्द से जल्द सुचारु करने के साथ श्रद्धालुओं की सुरक्षा सुनिश्चित करना है। मलबा और पत्थर हटाने के बाद क्षतिग्रस्त हिस्से का तकनीकी निरीक्षण किया जाएगा। सुरक्षा मानकों पर मार्ग के खरा उतरने के बाद ही श्रद्धालुओं को पैदल आगे बढ़ने की अनुमति दी जाएगी। जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी नंदन सिंह रजवार ने श्रद्धालुओं से अपील की है कि वे मार्ग सुचारु होने तक धैर्य बनाए रखें और सोनप्रयाग में प्रशासन के निर्देशों का पालन करें। उन्होंने कहा कि श्रद्धालुओं की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है और किसी भी स्थिति में असुरक्षित मार्ग पर आवाजाही की अनुमति नहीं दी जाएगी। मार्ग पूरी तरह सुरक्षित पाए जाने के बाद ही केदारनाथ यात्रा को आगे बढ़ाया जाएगा।

Portaladmin

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Next Post

संयुक्त मजिस्ट्रेट गौरी प्रभात ने तहसील दिवस में सुनी जनसमस्याएं, अधिकारियों को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश

Tue Sep 15 , 2026
पौड़ी : मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के निर्देशों के क्रम में आमजन की समस्याओं के त्वरित समाधान एवं जनसुविधाओं को बेहतर बनाने के उद्देश्य से तहसील सभागार पौड़ी में तहसील दिवस आयोजित किया गया। संयुक्त मजिस्ट्रेट गौरी प्रभात की अध्यक्षता में आयोजित तहसील दिवस में स्थानीय लोगों एवं जनप्रतिनिधियों ने […]

You May Like

Breaking News

Share
error: Content is protected !!