बीच चुनाव तृणमूल कांग्रेस का चुनाव चिन्ह फ्रिज होने का मामला पहुँचा सुप्रीम कोर्ट

नई दिल्ली। तृण मूल कांग्रेस (टी एम सी) के नाम और चुनाव चिन्ह ‘जोड़ा फूल और घास’ को फ्रीज करने के चुनाव आयोग के अंतरिम आदेश को ममता बनर्जी ने सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी है। सोमवार को वरिष्ठ वकील कपिल सिब्बल ने ममता बनर्जी की ओर से मामले का सुप्रीम कोर्ट में उल्लेख किया और जल्द सुनवाई की मांग की। चीफ जस्टिस सूर्य कांत ने मामले को जल्द सुनवाई के लिए लगाने का भरोसा दिया।

मामला कोर्ट के सामने रखते हुए कपिल सिब्बल ने कहा कि चुनाव आयोग ने इस विवाद पर जून में सुनवाई शुरू की थी। ममता बनर्जी गुट ने जुलाई में आयोग के सामने अपना विस्तृत जवाब दाखिल किया था। इसके बाद आयोग ने कई महीनों तक कोई फैसला नहीं लिया। सिब्बल के मुताबिक, जैसे ही पश्चिम बंगाल की नंदीग्राम और रेजीनगर विधानसभा सीटों पर उपचुनाव की अधिसूचना जारी हुई। चुनाव आयोग ने पार्टी के नाम और चुनाव चिन्ह को फ्रीज करने का आदेश जारी कर दिया। दोनों सीटों पर उपचुनाव 6 अक्टूबर को होने हैं।

कपिल सिब्बल ने चुनाव आयोग के फैसले पर सवाल उठाते हुए सुप्रीम कोर्ट से इस पर तत्काल रोक लगाने की मांग की। उन्होंने कहा कि चुनाव आयोग हर दिन नए मापदंड तय कर रहा है। इस पर चीफ जस्टिस सूर्य कांत ने सिब्बल को रोकते हुए कहा कि अभी मामले के गुण-दोष पर बहस न की जाय। कपिल सिब्बल ने कहा कि जब मामला सुनवाई के लिए आएगा, तब दूसरे पक्ष के पास भी अपनी दलील रखने का मौका होगा। कोर्ट ने मामले को जल्द सुनवाई के लिए लेने का भरोसा दिया।

तृणमूल कांग्रेस के नाम, चुनाव चिन्ह और संगठन पर नियंत्रण को लेकर दो गुटों के बीच विवाद चल रहा है। एक गुट का नेतृत्व ममता बनर्जी कर रही हैं। जबकि दूसरे गुट का नेतृत्व ऋतब्रत बनर्जी कर रहे हैं। ऋतब्रत बनर्जी गुट का दावा है कि पार्टी के पुराने संगठनात्मक ढांचे का कार्यकाल खत्म हो चुका है और उसे जारी रखना वैध नहीं है। वहीं, ममता बनर्जी गुट इस दावे को खारिज करता है और अपने संगठनात्मक ढांचे को वैध मानता है। इसी विवाद के चलते मामला चुनाव आयोग तक पहुंचा।

6 अक्टूबर के उपचुनावों को देखते हुए चुनाव आयोग ने 17 सितंबर को अंतरिम आदेश जारी किया था। इसके तहत दोनों गुटों को ‘ऑल इंडिया तृणमूल कांग्रेस’ नाम और उसके पारंपरिक ‘जोड़ा फूल और घास’ चुनाव चिन्ह के इस्तेमाल से रोक दिया गया। आयोग ने दोनों गुटों को अंतरिम तौर पर अलग नाम और चुनाव चिन्ह आवंटित किए हैं।

ममता बनर्जी के गुट को ‘ममता ऑल इंडिया तृणमूल कांग्रेस’ नाम और ‘फुटबॉल खिलाड़ी’ चुनाव चिन्ह दिया गया है। वहीं, दूसरे गुट को ‘डेमोक्रेटिक तृणमूल कांग्रेस’ नाम और ‘लिफाफा’ चुनाव चिन्ह आवंटित किया गया है. यह व्यवस्था आगामी उपचुनावों के लिए अंतरिम तौर पर लागू की गई है।

Portaladmin

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Next Post

जिला अस्पताल की इमरजेंसी में चले लाठी-डंडे, धारदार हथियार लेकर पहुंचे, हमलावरों ने तोड़े शीशे

Fri Sep 25 , 2026
हरिद्वार। मेला अस्पताल परिसर स्थित जिला अस्पताल में देर रात दो पक्षों के बीच हुए विवाद ने उस समय गंभीर रूप ले लिया, जब एक पक्ष के लोग इमरजेंसी के बाहर पहुंच गए। आरोप है कि हमलावरों ने अस्पताल में जमकर हंगामा करते हुए इमरजेंसी कक्ष के शीशे तोड़ दिए […]

You May Like

Breaking News

Share
error: Content is protected !!